युवामंच

सत्यमेव जयते

43 Posts

18 comments

Reader Blogs are not moderated, Jagran is not responsible for the views, opinions and content posted by the readers.
blogid : 8098 postid : 1295366

सत्याशा !

Posted On: 24 Nov, 2016 में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

आदरणीय मित्रों ,…सादर प्रणाम !

मुद्रा परिवर्तन अभियान एक विशेष मोड़ पर पहुँच चुका है !………अधिकाँश आम धन बैंकों में जमा हो चुका है ,…..जो अब चल रहा है उसमें बहुतायत काला धन है !…….चोर सिपाही का खेल खुले चौराहे पर है !……..देश सबकुछ जानता और मानता है !……यह सत्य असत्य के बीच सीधी लड़ाई है !…..सच्ची गरीबी और झूठी अमीरी की जंग में मानवता सदा की भाँति सत्यपथ के साथ है !……..सत्य में न्याय ,पुण्य,समता ,शुचिता , प्रेम ,शान्ति आदि सर्वसुखकारी सद्गुण समाहित हैं ,..तो ….असत्य की अन्यायी दुनिया लोभ मोह क्रोध छल कपट अशांति आदि दुर्गुणों पापों से भरी पूरी हैं !………..हमारी परेशानियों को कालिखधारी पापी अपने हित में नकद रखना चाहते हैं !…….काले कुबेर परिवर्तन की सहज पीड़ा को असहनीय दर्द में बदलना चाहते हैं !…..बेदर्द दुखदाताओं की असहनीय पीड़ा उनके कुकर्मों का प्रतिफल है !…..दशकों से नोचते खाते आये कुकर्मी पूरा बर्बाद होने तक अपनी आदतों से बाज नही आ सकते हैं ! ……….झूठे राजनैतिक दलों और सत्य हितैषियों की रस्साकस्सी में देश की अत्यंत हानि है !…….काला दलदल बहुत पुराना अत्यंत विषैला है !……जिन लोगों ने शुक्राणु अंडाणु के जन्म से लेकर अब तक झूठ मक्कारी दलाली घोटाले की खुराक ही पायी है ,….उनके दुष्ट दुर्वचनों से उनके गुलाम पशु भी शायद ही प्रसन्न होते हों !…..कांग्रेस ममता मुलायम माया आदि पूर्णभ्रष्टों का कष्ट सहज ही समझा जा सकता है ,.लेकिन …केजरीवाल की कालीनिष्ठा सिद्ध होना बड़ी सिद्धि है !………..भ्रष्ट राजनीति इस हद तक गिर गयी कि पूनिया जैसा नेता तारीफ करने के बाद भी श्रीमोदी जी का पुतला फूंकता है !……..हमारे कर्मफली भाग्यों पर भगवान भी बेबस हो जाते होंगे !…….हमारे मिथ्याचारी राजसी जहाँपनाहों को अब तो समझना ही चाहिए कि देश में सच की सत्ता कार्यरत है !………हर युग में संसार सच का पक्षधर ही होता है !………..अब तक उन्होंने हमको इस अफीमी कालिख में बेसुध किये रखा ,……तंत्र में तमाम चोर बेईमान शामिल हैं !……यही लोग उत्थान का प्रतिवाद प्रसारित करते हैं !…….झूठे भोगी लोभी इंसानों की उपेक्षा ही होनी चाहिए !……..मुद्रा परिवर्तन का किसी भी रूप में अवरोध विरोध करना कालिख को नाजायज आश्रय देना है !………हर स्तर के इंसान को इसका मूल्य चुकाना पड़ेगा !….

वापस मोड़ पर आते हैं !………हर स्तर के आम ईमानदार आदमी का पुराना धन बैंक पहुँच चुका है ,…..अब जो आएगा उसमें सही गलत का अनुपात लगभग दस नब्बे का संभावित है !…आम समाज ने मिलकर परिवर्तन को लगभग पार कर लिया है !……….हम सनातन सहयोगी स्वभाव के हैं ,…बाकी रुकावटें भी हम सहजता से पार कर लेंगे !……..हमको नोचकर अपनी तिजोरियां भरते आये राक्षसी कुकर्मियों को उनका लौकिक फल मिलना ही चाहिए !……. सरकार से प्रार्थना है कि अब नोट बदली यथाशीघ्र रोकी जाय !…………..काले पुराने नोटों की जमाबंदी भी यथाशीघ्र बंद की जाय !……काला सफ़ेद होने से रुकेगा !…..तभी देश से गरीबी मिट सकती है ,……..बैंकों को भी राहत मिलेगी !…सच्चे जरूरतमंदों की तकलीफ कम होगी !…….झूठों का मुंह और काला होगा !…….छोटे बड़े सभी काले कुबेर अपने रिश्तेदारों के रिश्तेदारों के रिश्तेदारों से आगे आगे तक पहुँच रहे हैं !…..कांग्रेसी दलाल तंत्र में बड़े दलालों की दसियों चम्मच पीढ़ियाँ नीचे तक कार्यरत हैं !……..इन्हें रोकना होगा !………आम आदमी से बची जमाबंदी की कुछ विशेष प्रामाणिक व्यवस्था होनी चाहिए !…..हमें कोई जल्दी नहीं है !….जिनको जल्द आवश्यकता है उनके लिए रियायती नियम बं सकते हैं !……..कुछ पुराने असली नोटों को भी बैंकों ने अस्वीकार किया है ,….उसका निराकरण भी होना चाहिए ,……..हम हर कष्ट उठा सकते हैं !………….हमारी सच्ची सरकार समर्थ है ,……उसने हमारे लिए तमाम व्यवस्थाएं की हैं !…….आगे भी करेंगे !……आवश्यक परिस्थितियों प्रावधानों में अस्पताल दवाखानों पर कुछ समय के लिए पुराने नोट चलाये जा सकते हैं !…….सबसे अधिक आवश्यक नए नोटों की युद्धस्तर पर सुरक्षित पर्याप्त आपूर्ति है !……छोटे नोटों को बैंक में जमा करने पर पुरस्कार मिलना चाहिए !…..चिल्लर जमाखोरों दलालों पर प्रभावी चेतावनी/कार्यवाही होनी चाहिए !………सभी स्थानों पर बैंकों की मजबूत सुरक्षा राज्यों की महती जिम्मेदारी है !…….केंद्र सत्यनिष्ठ है !….सत्यपथिकों को कोई नहीं रोक सकता है !……वैसे …हमें कौन रोकना चाहता है ?…….कौन रोक सकता है ?……..कोई भी मानवीय अस्तित्व झूठ के पक्ष में खड़ा ही नहीं हो सकता  !……..इससे यह भी स्पष्ट होता है कि,.. अस्तित्वहीनता का भय अपराधी मिथ्यगामियों को पागल भी करता है !……..तमाम पढ़े लिखे योग्य इंसान भी काले मायाजाल में फंसकर अपना ही घोर अहित करने में जुटे हैं !…….इसीको ‘विनाशकाले विपरीत बुद्धि’ कहा गया है !…….बहरहाल हम अति अल्पज्ञ हैं ,…..सत्यनिष्ठ सरकार को समग्र दृष्टिकोण से तेज कदम उठाना होगा !…….ईश्वरीय सत्य प्रेम करुणा की तत्परता संसद में बैठे बेईमानों की बंधक नहीं बन सकती है !……आर्थिक गरीबी का कष्टकारी अभिशाप मिटाने के लिए मानवता हर मूल्य चुकाने को तैयार है !……प्रबल सत्याशा का सैलाब हर गंदगीग्रस्त अस्तित्व को बहा ले जायेगी !……..सादर प्रणाम सहित मोदीसरकार को पुनः पुनः हार्दिक शुभकामनाएं आशीर्वाद !…..…ओमशांति !  ………….भारत माता की जय !…………….वन्देमातरम !

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading ... Loading ...

0 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments


topic of the week



latest from jagran